18/05/2026
जेपी एसोसिएट्स (JP Associates) के दिवालिया होने के बाद अदाणी ग्रुप द्वारा ₹14,535 करोड़ में अधिग्रहण की खबर ने बैंकिंग और कॉरपोरेट जगत में बड़ी चर्चा पैदा कर दी है।
कंपनी पर लगभग ₹55,357 करोड़ का भारी कर्ज था, जिसमें SBI, PNB, Bank of Baroda, Canara Bank, ICICI Bank, Yes Bank सहित कुल 19 बैंक एवं वित्तीय संस्थान शामिल थे।
अब कंपनी के अधिग्रहण के बाद बैंकों को लगभग ₹40,822 करोड़ का “हेयर कट” झेलना पड़ सकता है, यानी कर्ज का बड़ा हिस्सा वापस मिलने की संभावना नहीं है।
यह मामला देश के बैंकिंग सेक्टर, कॉरपोरेट कर्ज व्यवस्था और बड़े उद्योग समूहों की वित्तीय स्थिति पर गंभीर सवाल खड़ा करता है।
जेपी एसोसिएट्स (JP Associates) को जिन 19 बैंक एवं वित्तीय संस्थानों ने ऋण दिया था, उनमें शामिल हैं —
• नेशनल एसेट रिकंस्ट्रक्शन कंपनी लिमिटेड (NARCL)
• एक्सिस बैंक लिमिटेड
• बैंक ऑफ महाराष्ट्र
• केनरा बैंक
• बैंक ऑफ बड़ौदा
• ICICI बैंक लिमिटेड
• इंडियन ओवरसीज बैंक
• IDBI बैंक लिमिटेड
• जम्मू एंड कश्मीर बैंक लिमिटेड
• DBS बैंक इंडिया लिमिटेड
• पंजाब नेशनल बैंक (PNB)
• पंजाब एंड सिंध बैंक
• भारतीय स्टेट बैंक (SBI)
• Yes बैंक लिमिटेड
• एसेट केयर एंड रिकंस्ट्रक्शन एंटरप्राइज (ACRE) लिमिटेड
• एसेट रिकंस्ट्रक्शन कंपनी इंडिया लिमिटेड (ARCIL)
• यूनियन बैंक ऑफ इंडिया
• द बैंक ऑफ न्यूयॉर्क मेलॉन
• अन्य वित्तीय संस्थान
कंपनी पर कुल लगभग ₹55,357 करोड़ का कर्ज बताया गया है, जबकि अदाणी ग्रुप द्वारा ₹14,535 करोड़ की बोली लगाई गई है।