14/08/2016
कोई *'हस्ती'* कोई *'मस्ती'*
कोई *'चाह'* पे मरता है..
कोई *'न फरत'* कोई *'मोहब्बत'*
कोई *'लगाव'* पे मरता है..
ये *"ग्रुप"* है उन *'दिवानों'* का
यहां हर बन्दा
अपने *"हिंदुस्तान"* पे मरता है....