07/02/2024
कर्ज के बोझ से आम आदमी तर-तर हो गया
महंगा हो गया खाना-पीना, महंगा घर हो गया
मंत्री जी के बजट की खामी चलिए हम बतलाते हैं
सिर से करके शुरू, चलो पैरों तक जाते हैं
कुछ चुनिंदा यारों के बड़े बंगले हो गए
बालों से पैरों तक आते हम कंगले हो गए
माना आप डाई नहीं करते पर कई तो करते हैं
इतनी महंगी हो गई डाई कि लगाने से डरते हैं
चश्में के दामों को सुन आंखे रो गई
कम लगाओ टूथपेस्ट, पेस्ट भी महंगी हो गई
बाल कटाने से भी हम अब कटने लग गए
बिना क्रीम के अब हाथ-पैर भी फटने लग गए
फट गई कमीज की कॉलर पर नई तो ले नहीं सकते
GST इतना ज्यादा हाई, हम दे नहीं सकते
पूछ रहा था कोई हम वजन कैसे घटाते हैं
जबसे सब्जियों के दाम बढ़े हम कम ही खाते हैं
दिखाकर लॉलीपॉप वो भरमाकर चले गए
इस बार भी वो अपने गुण गाकर चले गए
कैसे सोच लिया कि जनता फिर से माफ़ करेगी
इस बार चुनावों में जनता जड़ से साफ़ करेगी