05/09/2026
सुप्रीम कोर्ट के जस्टिस उज्जल भुइयां ने पुलिस व्यवस्था और उसके रवैये को लेकर गंभीर टिप्पणी की है। उन्होंने कहा कि हिरासत में मौत (Custodial Death) और फर्जी एनकाउंटर (Fake Encounter) जैसे मामले बेहद गंभीर अपराध हैं, जिन्हें किसी भी सभ्य समाज में स्वीकार नहीं किया जा सकता। जस्टिस भुइयां ने कानून के शासन और मानव अधिकारों की रक्षा पर जोर देते हुए कहा कि ड़क पर तैनात एक सामान्य पुलिसकर्मी आम नागरिकों के लिए राज्य (सरकार) की शक्ति का पहला और सबसे सीधा चेहरा होता है। इसलिए उनका व्यवहार जनता के प्रति संवेदनशील और कानून सम्मत होना चाहिए।