28/07/2024
हमारे पिता ले जाते थे बचपन से उंगली पकड़कर सीधे महाकाल जी के गर्भ गृह में । जल , दूध , हार -फूल , पूजन सामग्री जो हम एक टोकनी में लाते थे सब एक एक करके अर्पित करवाते थे बाबा हम से । कितने आराम से , सहजता से मिलते थे ना तब भोलेनाथ महाकाल अपने नगर के निवासियों से ।
पिता कहते शिवलिंग को रगड़ो मत बेटा ..वो घिसता है ..इसका क्षरण हो जाएगा … आँख बंद करके महाकाल को स्मरण करो , ॐ का जाप करो मन ही मन ।
देखना तुमको लगेगा की कोई शक्ति तुममें प्रवेश कर रही है । तुम्हें भोलेनाथ चार्ज कर रहे है ऐसी दिव्य अनुभूति होगी । बस केवल स्पर्श करना पोर से सम्पूर्ण हाथ मत लगाना न ही इस शिवलिंग जी को रगड़ना । और सच में लगता था कुछ हो रहा है अंदर धीरे धीरे । बड़ी सुखद और शुद्ध अनुभूति होती थी उन पलो में पिता के द्वारा बताई इस प्रक्रिया से ।
जैसी बैटरी को कैसे लाइट के प्लग में तार लगा कर चार्ज करते है वैसे ही मुझे भी लगता था उस वक्त । पिता को किसी पहुँचे हुए सिद्ध अघोरी संत श्री ने ये महाकाल की पूजा विधि बताई थी और पिता ने हमें।
वक्त ने धीरे धीरे मंदिर में बेहद भीड़ , यात्री संख्या बड़ा दी देश भर से । वी॰वी॰आई॰पी॰ दर्शन पूजन , टिकिट पूजन अभिषेक को प्राथमिकता मिलने लगी और हम जैसे कितने उज्जैन शहर के साधारण रहवासी महाकाल के गर्भ गृह दर्शन , स्पर्श , पूजन से वंचित होते चले गए । दूर होते गए । तब कितना कोमल था भोलेनाथ का ये दिव्य शिवलिंग , एक भी गड्डा या घाव नही था उनके शरीर पर ।
दौलत , ताक़त , पैसों से दर्शन -पूजन ने उन पर इतने केमिकल वाले प्रदार्थ चढ़ाए की धीरे धीरे शिवलिंग का क्षरण ( घिसाव ) होने लगा । फिर बीच में बहुत हो हल्ला हुआ । माननीय सुप्रीम कोर्ट ने आदेश भी दिया की आप केमिकल वाले दूध या कोई भी पूजन सामग्री को निषेध कर दे शिवलिंग पर अर्पण के लिए ।
पर क़ानून , नियम तो साधारण आम लोग पर लागू होता है ना हमारे देश में …तो इस आदेश की वजह से सामान्य जन तो गर्भ गृह से दूर हो गए ।
पर इन विशिष्ट लोगों को , इनकी पहुँच ताक़त को तो महाकाल जी भी नही रोक पाए । ये कहाँ माननीय न्यायालय के आदेश को भी कुछ समझते है ।
और वो लगातार रोज़ पूजन सामग्री , हाथ का पूर्ण स्पर्श , पूजन अर्चन करते शिवलिंग पूजन अर्चन करते शिवलिंग को ज़ोर ज़ोर से चंदन , शहद , और पूजन सामग्री से घिसना जारी रखे हुए है और इस चित्र ( Photo ) में दिखाई दे रही चिंतित करने वाली स्तिथि में आज श्री भोलेनाथ महाकाल जी के शिवलिंग को ले आए है ।
अरे !
कौन समझाएगा इन ताकतवर सत्ता , तंत्र , अमीर लोगों को की अब भी बस करो , रुक जाओ भक्तों !