12/11/2025
🌹 एक माह पुण्यस्मरण 🌹
आज हमारे पूज्य पिताजी स्व. श्रीमान बंशी जी मीणा जी को इस संसार से विदा लिए एक माह पूर्ण हो गया।
समय आगे बढ़ता जा रहा है, लेकिन आपकी यादें, आपकी आवाज़ और आपके द्वारा सिखाए गए संस्कार
आज भी हमारे जीवन के हर क्षण में गूंजते हैं।
पिताजी, आपने हमें सिखाया कि जीवन में सफलता का असली अर्थ ईमानदारी, मेहनत और सादगी है।
आपने अपने कर्म, वचन और व्यवहार से जो आदर्श स्थापित किया,
वह हमारी आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा का दीपक बनकर सदैव प्रज्वलित रहेगा।
आपका स्नेहिल स्वभाव, आपका धैर्य और परिवार के प्रति आपकी निस्वार्थ भावना
हमारे लिए हमेशा शक्ति और प्रेरणा का स्रोत रही है।
आपने अपने परिश्रम और त्याग से हमें वह सब कुछ दिया जो एक पिता ही दे सकता है —
सुरक्षा, संस्कार और सच्चा स्नेह।
आपकी मुस्कान, आपकी बातें, और आपकी उपस्थिति
आज भी हमारे दिलों में जीवित हैं।
हर कठिन घड़ी में ऐसा लगता है मानो आप हमारे साथ खड़े होकर आशीर्वाद दे रहे हों।
पिताजी, आप हमारे लिए सिर्फ पिता नहीं बल्कि मार्गदर्शक, शिक्षक और आदर्श पुरुष थे।
आपका जीवन एक ऐसा उदाहरण था जिसमें सत्य, परिश्रम और विनम्रता का संगम था।
ईश्वर से हमारी यही प्रार्थना है कि वे आपकी आत्मा को अपने श्रीचरणों में स्थान दें,
आपको अनंत शांति प्रदान करें और हमें शक्ति दें कि
हम आपके बताए मार्ग पर सदा चलते रहें।
आपका आशीर्वाद और आपकी स्मृति हमारे जीवन की सबसे बड़ी पूँजी हैं।
आप सदा हमारे हृदयों में जीवित रहेंगे।
🙏 विनम्र श्रद्धांजलि 🙏
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श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए —
पुत्रगण: रमेश, अशोक
भाईगण: गोपाल, श्रवण, राजेन्द्र, गजानन्द, मोती, ज्ञानचन्द, मदन
भतीजेगण: रामअवतार, किशनलाल, रामरतन, मुकेश, रामस्वरूप, राकेश
पोत्रगण: अजय, प्रवीण, रोहित, निशांत, रितिक, सुवंश
एवं समस्त पोखरिया परिवार, गोहंदी (रायथल)